ओवर-द-काउंटर डेरिवेटिव्स वो लीवरेज्ड प्रोडक्ट होती हैं, जिनसे आपकी पूंजी को भारी खतरा होता है। अंडरलाइंग इंस्ट्रूमेंट के बाज़ार के हालातों और अवेलेबल लीवरेज की अमाउंट के चलते फ़ॉरेक्स और CFD जैसे डेरिवेटिव इंस्ट्रूमेंट में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकते हैं।
किसी ट्रेड पर लीवरेज लागू करने पर आपके ट्रेडिंग अकाउंट में डिपॉज़िट की गई राशि से ज़्यादा नुकसान होने की संभावना बनी रहती है। ऐसा इसलिए होता है कि मार्केट मूवमेंट की दिशा के आधार पर लिवरेज से फ़ायदे और नुकसान, दोनों में बढ़ोतरी आ जाती है। अगर ट्रेड आपके पक्ष में जाता है, तो आमतौर पर बेहतर लिवरेज का मतलब ज़्यादा संभावित रिटर्न होती है, लेकिन दूसरी तरफ़ अगर ट्रेड आपके खिलाफ़ चला जाए, तो इसका मतलब ज़्यादा संभावित नुकसान भी हो सकता है।
नेगेटिव अकाउंट बैलेंस का कारण बनने वाले हालातों के उदाहरणों में शामिल हैं स्लिपेज, रातोंरात कटने वाले फ़ाइनेंसिंग शुल्क, और इंडेक्स CFD डिविडेंड एडजस्टमेंट।
SVG लाइसेंस के तहत ट्रेड करने वाले Axi क्लाइंट्स को नेगेटिव बैलेंस प्रोटेक्शन का कवर नहीं मिलता है और नतीजतन सभी नुकसानों के लिए वो उत्तरदायी होते हैं और सभी बकाया राशियों का उन्हें भुगतान करना पड़ता है।